On this website, along with entertainment, you will get news of health, technology, and country and abroad. News posts are available in Hindi and English on our website.

Translate

Breaking

Saturday, July 9, 2022

Dhatu Rog ka ilaj है घबराना नहीं है। अच्छे इलाज के लिए किसी फर्जी डॉक्टर से न मिल लेना।

  धातु रोग का सफल इलाज किसी  वैध के साथ मिलकर आप अपने घर भी कर सकते हैं। 


      धातु रोग एक गंभीर बीमारी है जिसे सोच कर घबरायें नहीं अपने आपको संतुलित रखें। धातु रोग महिला और पुरुष दोनों को होता है। जिसकी बजह से लोग चिंता में पड़ जाते हैं। चिंता में होने के बाद बीमारी से कम कमजोरी होती है चिंता की बजह से अधिक हो जाती है। इसलिए आपको जो भी बीमारी है उसकी चिंता न करो उसका सही इलाज चुनो और करवाओ। 

      शादी से पहले dhatu rog की समस्या उन महिला या पुरुष को हो ही जाती है जो किसी के साथ सम्भोग बनाने की कल्पनायें दिमाग में लाते रहते हैं और सम्भोग हो नहीं पाता है। Dhatu rog का मुख्य कारण यही है बाकी अन्य और कई कारण हैं।

Dhatu rog क्यों हो जाता है?

  1. जैसे भरपूर नींद न हो पाना। उम्र के हिसाब से काम करने का अधिक लोड होना।
  2. दिमाग में कोई उलझन का रहना।
  3. खानापान का गलत होना।
  4. हस्तमैथुन से dhatu rog नहीं लगता है लेकिन अधिक हस्तमैथुन करने से भी dhatu rog लग जाता है।
  5. पाचनतंत्र का लगातार ठीक न रहना भी इंसान में धातु रोग लगा देता है।
  6. यदि कोई महिला या पुरुष सम्भोग में असंतुष्ट रहता है और यही क्रम लगातार चलता रहता है तब भी धातु रोग की समस्या हो सकती है।
  7. यदि कोई महिला / पुरुष किसी अन्य पुरुष या महिला से सम्भोग करने के विचार दिमाग में रखता है। और यही क्रम लगातार चलता रहता है उसके बाद भी सम्भोग नहीं हो पाता है ऐसी स्थिति में भी dhatu rog लगने का डर रहता है।

अन्य भ्रष्टाचार से संबंधित पोस्ट पढ़ने के लिए नीचे दी हुयी पोस्ट पर क्लिक करें.

Panchayat Sahayak की भर्ती सरकारी पैसे की बर्बादी के सिवा और कुछ नहीं लगा।।क्लिक करके पढ़ें।  

लोन देने वाले आप गरीबों को फिर से बेघर कर देंगे जिसके आपने कई उदाहरण देखे clickto read

Manrega yojna से रोजगार सेवक ने फर्जी ड्यूटी के दम पर लाखों कमाया। Click To Read


   



Dhatu rog के लक्षण क्या होते हैं?

  • पुरुषों में धातु रोग के लक्षण की पहचान होती है। हल्का हल्का वीर्य अपने आप निकलता रहता है या पेशाब के साथ आ जाता है।
  • महिलाओं की धातु रोग भी पुरुष के समान ही होती है। पेशाब के साथ सफ़ेद पानी का आना या अपने आप पानी चलता है।
  • Dhatu rog का मुख्य लक्षण पैरों में टूटन होना शरीर का दुखना।
  • कभी कभी आपको dhatu rog नहीं होता है फिर भी पैर आदि टूटने लगने हैं शरीर दर्द करता है। यह सामान्य प्रक्रिया है हफ्ते 15 दिन में कभी न कभी थकावट की बजह से भी ऐसा होता है। इसे किसी रोग से नहीं जोड़ सकते हैं।
  • आपको dhatu rog नहीं है फिर भी आपके पैर हर रोज टूटन रहती है तो यह आपकी शारीरिक कमजोरी की बजह से भी हो सकता है या कैल्शियम की कमी हो सकती है डॉक्टर से अवश्य सलाह लें।
  • Dhatu rog की समस्या शादी से पहले ज्यादातर पुरुषों को जाती है।
  • Dhatu rog जिसको भी होता है उसकी पेशाब के साथ चिपचिपा पदार्थ निकलता है।

         धातु रोग कोई गंभीर विषय नहीं भी है यह बीमारी अधिकतम महिलाओं और पुरुषों की शादी के बाद अपने आप सही हो जाती है। हालांकि गंभीर विषय इस बात से है धातु रोग के समय थोड़ी कमजोरी महसूस होती है। और शरीर भी कमजोर हो जाता है।

   धातु रोग का सबसे सही इलाज के चक्कर में आपको कई वैध और डॉक्टर ने ठगा है। और आप परेशान भी रहते हैं।

    कई महिला और पुरुष की धातु रोग की समस्या शादी के बाद ठीक नहीं होती है। ऐसे लोगों के लिए धातु रोग गंभीर समस्या है। आप जिसका इलाज अपने घर और डॉक्टर से मिलकर कर सकते हैं।

    कई नौजवान लोग भी जिनकी शादी नहीं हुयी है उनको dhatu rog हो जाता है और घबरा जाते हैं जिसकी बजह से चाही अनचाही दवाइयों का सेवन कर लेते हैं। या फिर किसी ऐसे वैध के चक्कर में पड़ जाते हैं जो हर शनिवार चौराहों पर मिलता है और ठग लेता है।


Dhatu rog का आयुर्वेद इलाज!

  • आप अगर कर सकते हैं तो जामुन की गुठलियां लें और धूप में सूखा लें और उन्हें पीस कर पाउडर नुमा बना लें और सुबह शाम रोजाना दूध के साथ लें आपको आरम मिलेगा।
  • चुटकी भर तुलसी के बीज और मिश्री दोनों एक साथ खाना खाने के बाद 24 घंटे में एक बार सेवन करें आपको लाभ मिलेगा।
  • जो लोग प्याज खाना अपराध मानते हैं उन्हें मानने दो। लेकिन यदि आप अपने भोजन में प्याज सलाद में प्याज का सेवन कर रहे हैं तो आपको dhatu rog ठीक होने बहुत मदद मिलती है।
  • कई लेखों में देखने को मिलता है कि यदि आप एक माह में कमसे कम 7 दिन यदि मेथी का पानी बना कर पीते हैं तो उससे भी dhatu rog में आराम मिलता है।
  • लौकी का जूस या कच्ची लौकी को खाने से भी dhatu rog में आराम मिलता है।
  • भारतीय ग्रामीण क्षेत्रों में कुछ वैध लोग धातु रोगियों को बेर का पावडर बनाकर दूध के साथ पीने की सलाह देते थे। अगर वैध ने बताया है तो जरूर कोई न कोई अनुभव रहा होगा जिससे व्यक्ति की dhatu rog में आराम मिल सके। यह आप भी अपने लिए भी कर सकते हैं।.
  • दूध के साथ केला खाने से भी dhatu rog में बहुत आराम मिलता है। लेकिन एक बात का खयाल रखें यदि आप केला और दूध अपने सेवन में ले रहे हैं तो थोड़ी शरीर से मेहनत भी करते रहें जिससे आपके पेट में सब हजम होता रहे।
  • आप अपने भोजन में या खाली दही का सेवन करें, दही अधिक खट्टा न हो और न ही हद से अधिक सेवन करें। एक बार में कमसे कम 200 ग्राम दही तो खा सकते हैं। दही का सेवन करते हुए एक खयाल भी रखें सर्दी के मौसम में आपको सर्दी सता सकती है इसलिए थोड़े सावधान रहें।
-------------------------------------------
       प्याज को अगर सही मायने में देखा जाये तो यह एक ओषधि है जो केवल dhatu rog ठीक करने में ही नहीं शरीर के लिए भी कई अन्य लाभ हैं। लेकिन भारत के लोगों में प्याज और लहसुन खाना अपराध बताया गया है। लेकिन अपने शरीर की सुरक्षा करनी है तो लहसुन प्याज का सेवन बहुत जरुरी है।

अन्य भ्रष्टाचार से संबंधित पोस्ट पढ़ने के लिए नीचे दी हुयी पोस्ट पर क्लिक करें.

Sighra Patan की चिंता सच में चिंता का विषय है। Click to read

हर घर को शुद्ध जल पहुँचाने का काम कितनी हकीकत है कितना झूंठ है।क्लिक करके पढ़ें।

Online Game खेलने की लत अगर आपको भी है! हम आपको रोक नहीं सकते Click To Read


        जो लोग सनातन को नहीं मानते उनके अनुसार लहसुन प्याज खाना अपराध बताना एक बहुत बड़ा सडयंत्र है। उनका कहना है कि जब विदेशियों ने भारत पर कब्ज़ा करना सुरु किया तो उन्होंने देखा कि ये लोग जल्दी बीमार क्यों नहीं होते हैं। खोजबीन की गयी तो पता चला भारतीय लोग लहसुन प्याज बहुत सदियों से खा रहे हैं। तो विदेशी आक्रमण कारियों ने हथियार से युद्ध न लड़कर लोगों को बीमार और कमजोर करने की योजना बनाई जिसके लिए लहसुन प्याज का सेवन अपराध की श्रेणी में बताना सुरु किया। धीरे-धीरे लोगों के अंदर लहसुन प्याज खाना अपराध की धरना में बदलता चला जा रहा है और लोग बीमार होने लगे हैं।

       लहसुन प्याज खाना भारतीय संबिधान के अनुसार अपराध की श्रेणी में नहीं आता है। लहसुन प्याज खाना सनातन हिन्दू धर्म के अनुसार अपराध की श्रेणी में आता है। अब कैसे आता है यह बात सायद आपने भी सुनी होगी।
--------------------------------------------

Dhatu rog से बचने के उपाय।

      जब आप अपनी dhatu rog की समस्या लेकर किसी फर्जी ठगने वाले वैध या डॉक्टर के पास गए होंगे तो उसने आपका उपचार करने के लिए कुछ ये कहा होगा!!!

  • आप गन्दी अश्लील बातें सोचना बंद कर दो!

  • आप अगर मोबाइल में अश्लील फ़िल्में आदि देखते हैं तो यह भी बंद कर दो तभी बीमारी ठीक होगी!

  • शराब पीते हो? नहीं! पीना भी नहीं अगर पीते हो तो बिलकुल छोड़ दो तभी आपका dhatu rog सही होगा!

  • ठंडी चीजों का सेवन करो और शाम को गर्म दूध या भोजन करके मत सोना नहीं तो आपको dhatu rog और भी बढ़ जायेगा!

  • दिमाग को काबू में करना सीखो किसी लड़की के बारे में अश्लील बातें अगर सोच रहे हो तो बंद कर दो इसलिए तुम्हें dhatu rog हुआ है!

  • और तुम्हारे शरीर में गर्मी ज्यादा है शाम को सोने से पहले स्नान किया करो जिससे आपको dhatu rog में आराम मिलेगा।


     यह सब बातें आपको वैध बता रहा है सभी बातें सही हैं। Dhatu rog इन्ही बजहों से लगता है अगर आपने ये सारे परहेज सुरु कर दिए तो आपकी dhatu rog की समस्या हल हो जाएगी।

       और सबसे गजब की बात तो यह है यह सब बताने के बाद भी वैध या डॉक्टर 2 हजार की दवाइयां थमा देता है आप घर आते हैं परहेज सुरु करते हैं दवाइयां भी खाते हैं अब साला यही समझ नहीं आता है कि हमें आराम परहेज की बजह से मिला है या दवाइयों से।

      अगर किसी को dhatu rog है तो कुछ लोग ऐसा कहते हैं कि उसकी हड्डियां गल रही हैं। ऐसा नहीं है dhatu rog में किसी की हड्डियां गलना सुरु नहीं होती हैं हाँ  इतना जरूर है लगातार dhatu का गिरना आदमी को कमजोर जरूर कर देता है।

     Dhatu rog संक्रमण आदि से नहीं होता है लेकिन dhatu से अन्य समस्या हो जाती हैं जैसे गुप्तांग में दाने खुजली आदि। कुछ लोग ऐसा मानते हैं कि जिस महिला या पुरुष को dhatu rog है उसके साथ सम्भोग करने वाले को भी dhatu rog हो जायेगा। नहीं इस तरह की कोई सही रिपोर्ट नहीं है कि dhatu rog से dhatu rog का संक्रमण हो जाता है।


         NOTE- पोस्ट में बताये गए उपचार से आपको आराम मिल जाता है तो उसके बाद जो प्रयोग कर रहे हैं उसे बंद कर देना चाहिए क्योंकि कोई न कोई साइड इफेक्ट हो सकता है। पोस्ट की सामिग्री में किसी प्रकार का झूंठ नहीं है। सभी उपचार कई पोस्ट को पढ़कर उनके हिस्सों को जोड़ा गया है। व कुछ लोग जो आयुर्वेद में अनुभवी हैं उनसे पूंछताँच करके पोस्ट तैयार होती है। बस आप इतना ध्यान रखें अपनी शारीरिक छमता और उम्र के हिसाब से डोज के असर का ध्यान जरूर रखें।


No comments:

Post a Comment

Total Pageviews

पेज